विश्व आदिवासी दिवस 2025: डूंगरपुर में पुलिस का फ्लैग मार्च, 400 सीसीटीवी और 3 कंट्रोल रूम से निगरानी
विश्व आदिवासी दिवस 2025 को डूंगरपुर में धूमधाम से मनाया जाएगा। कार्यक्रमों के दौरान शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस ने गैप सागर झील से नया बस स्टैंड तक भव्य फ्लैग मार्च निकाला। एसपी मनीष कुमार के नेतृत्व में आयोजित इस मार्च में एएसपी अशोक मीणा और बड़ी संख्या में जवान शामिल हुए। शहर में 400 सीसीटीवी कैमरे, 3 कंट्रोल रूम और जगह-जगह चेकपोस्ट लगाए गए हैं। प्रशासन और आदिवासी संगठन मिलकर सागवाड़ा और डूंगरपुर में राज्य स्तरीय कार्यक्रम करेंगे। पूरी खबर पढ़ें और जानें कैसे इस बार विश्व आदिवासी दिवस पर डूंगरपुर में सुरक्षा व्यवस्था अभूतपूर्व होगी।
विश्व आदिवासी दिवस 2025: डूंगरपुर में सुरक्षा के साथ उत्सव की तैयारी
विश्व आदिवासी दिवस 2025 हर साल 9 अगस्त को विश्व आदिवासी दिवस मनाया जाता है, लेकिन इस बार डूंगरपुर में इसकी तैयारी बेहद खास और सख्त सुरक्षा के बीच हो रही है।
जिला प्रशासन और आदिवासी संगठनों ने मिलकर शहर में बड़े स्तर पर कार्यक्रमों की योजना बनाई है। इसी के चलते पुलिस ने शहरभर में सुरक्षा का खास इंतजाम किया है।
विश्व आदिवासी दिवस: पुलिस का फ्लैग मार्च निकला
- नेतृत्व: एसपी मनीष कुमार
- सहभागिता: एएसपी अशोक मीणा और बड़ी संख्या में पुलिस जवान
- मार्च का रूट: गैप सागर झील की पाल → तहसील चौराहा → पुराना बस स्टैंड → ओटा → शास्त्री मार्ग → कॉलेज रोड → नया बस स्टैंड → वापसी गैप सागर की पाल
इस फ्लैग मार्च का उद्देश्य शहरवासियों में विश्वास कायम रखना और विश्व आदिवासी दिवस के दौरान शांति बनाए रखने का संदेश देना था।
विश्व आदिवासी दिवस 2025: डूंगरपुर में हाई-टेक सुरक्षा
इस बार सुरक्षा व्यवस्था में आधुनिक तकनीक का भी इस्तेमाल हो रहा है।
सुरक्षा के मुख्य इंतजाम:
- 400 CCTV कैमरे शहर में लगाए गए
- 3 कंट्रोल रूम से 24×7 निगरानी
- जगह-जगह चेकपोस्ट
- विशेष पुलिस पेट्रोलिंग दल तैनात
इन उपायों का मकसद है कि कार्यक्रमों के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।
डूंगरपुर में कहां होंगे विश्व आदिवासी दिवस के कार्यक्रम?
- स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, डूंगरपुर → भारत आदिवासी पार्टी का आयोजन
- महिपाल खेल मैदान, सागवाड़ा → राज्य स्तरीय कार्यक्रम (जिला प्रशासन और जनजाति क्षेत्रीय विकास विभाग द्वारा)
इन कार्यक्रमों में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, पारंपरिक नृत्य, और आदिवासी कला की झलक देखने को मिलेगी।
विश्व आदिवासी दिवस का महत्व
- यह दिवस आदिवासी संस्कृति, परंपराओं और अधिकारों के संरक्षण के लिए मनाया जाता है।
- संयुक्त राष्ट्र ने इसे 1994 में शुरू किया था।
- भारत में यह दिन आदिवासी समुदाय की ऐतिहासिक धरोहर और योगदान को याद करने का अवसर है।
सुरक्षा से जुड़े त्वरित तथ्य (Table Format)
| सुरक्षा उपाय | विवरण |
|---|---|
| CCTV कैमरे | 400 |
| कंट्रोल रूम | 3 |
| फ्लैग मार्च रूट | गैप सागर → नया बस स्टैंड → गैप सागर |
| पुलिस जवान | बड़ी संख्या में तैनात |
| चेकपोस्ट | शहर के मुख्य स्थानों पर |
विश्व आदिवासी दिवस 2025 पर डूंगरपुर में माहौल कैसा रहेगा?
सुरक्षा पुख्ता है और प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। कार्यक्रमों में हजारों लोगों के पहुंचने की संभावना है।
